मेडिकल थेरेपी से हलके कोविड के असर खत्म हो सकते हैं, उपयोग के लिए क्लियरेंस मिला

  • Zydus Cadila COVID Medicines Update: Seeks Human Trial Approval For Antibody Cocktail
  • यह मोनोक्लोनल एंटीबॉडी को न्यूट्रलाइज़ करने वाला ट्रीटमेंट है

जायडस कैडिला ने कहा है कि इसकी मेडिकल थेरेपी ZRC-3308 को हल्के (mild) कोविड 19 के ट्रीटमेंट के लिए इस्तेमाल में लाया जा सकता है। यह SARS-CoV-2 के मोनोक्लोनल एंटीबॉडी (mAbs) के कॉकटेल को बेअसर कर देती है। यह मोनोक्लोनल एंटीबॉडी को न्यूट्रलाइज़ करने वाला ट्रीटमेंट है। इसे अमेरिका, यूरोप और भारत में हल्के लक्षण में आपातकालीन उपयोग का क्लियरेंस मिल गया है।

इस थेरेपी से वायरल लोड कम हो रहा है

जायडस कैडिला ने कहा कि हल्के लक्षण वाले रोगियों में इस थेरेपी से वायरल लोड कम हो रहा है। साथ ही अस्पताल में एडमिट करने की दर भी काफी कम हो गई है। इनमें से दो उत्पाद कॉकटेल आधारित हैं। इनमें SARS-CoV-2 वायरस के स्पाइक प्रोटीन पर दो अलग-अलग एपिटोप्स के लिए बाध्यकारी (two mAbs binding) दो एमएबी शामिल हैं। दो एमएबी आधारित उत्पादों का कॉकटेल सिंगल एमएबी आधारित उत्पादों की तुलना में वेरिएंट से निपटने के लिए बेहतर है। इनमें तेजी से पैदा होने वाले वेरिएंट के साथ उनका असर (efficacy) कम करने की क्षमता है।

अकेली भारतीय कंपनी जिसने यह विकसित किया है

जायडस एकमात्र भारतीय कंपनी है जिसने कोविड 19 के इलाज के लिए बेअसर मोनोक्लोनल एंटीबॉडी आधारित कॉकटेल को विकसित किया है। हाल ही में, अमेरिकी खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने देश में नए वेरिएंट उभरने के बाद एमएबी प्रोडक्ट के आपातकालीन उपयोग के अप्रूवल को वापस ले लिया। ZRC-3308 SARSCoV-2 के स्पाइक प्रोटीन पर दो यूनीक एपिटोप्स को टारगेट करने वाले दो मोनोक्लोनल एंटीबॉडी का कॉकटेल है।

ज्यादा समय की सुरक्षा के लिए इसे बनाया गया है

ZRC -3308 के मोनोक्लोनल एंटीबॉडी को विशेष रूप से वर्तमान में अप्रूव्ड प्रोडक्ट की तुलना में ज्यादा लंबी अवधि के लिए सुरक्षा देने के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह अपग्रेडेड डिजाइन टिश्यू के क्षति को रोकने में मदद करेगी। साथ ही रोग को गंभीर बनाने से रोकेगी। ZRC-3308 में इन विट्रो और पशु अध्ययन (animal studies) दोनों में SARS-CoV-2 को बेअसर करने की क्षमता है।

दोनों फेफड़ों में होने वाले नुकसान को कम किया

जानवरों के अध्ययन में ZRC-3308 ने रोगनिरोधी (prophylactic) और चिकित्सीय (therapeutic) सेटिंग्स दोनों में फेफड़ों को होने वाले नुकसान को कम किया। ZRC-3308 को पशु विष विज्ञान (animal toxicology) अध्ययनों में सुरक्षित और अच्छी तरह से सहन करने वाला पाया गया है। जायडस ने वर्तमान में DCGI से मनुष्यों पर किये जाने वाले क्लीनिकल ट्रायल के पहले चरण के लिए अनुमति मांगी है।

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